- विराट ने कहा- जिंदगी में हमेशा सीखते रहना चाहिए। इससे आपको विपरीत परिस्थितियों में लड़ने की ताकत मिलती है।
- स्टेट टीम के लिए रिजेक्ट होने पर रात 3 बजे तक रोता रहा था, अनुष्का से सीखा धैर्य से रहना
- भारतीय कप्तान ने कहा- जीवन के बारे में कुछ नहीं कह सकते, जिससे खुशी मिले वही काम करो
मुंबई. भारतीय कप्तान विराट कोहली ने कहा कि कोरोना महामारी के बाद अब हम समाज के तौर पर ज्यादा उदार हो गए हैं। इस महामारी का सकारात्मक पक्ष बताते हुए उन्होंने कहा कि जितने भी योद्धा पुलिसकर्मी, डॉक्टर या नर्स कोरोना के खिलाफ लड़ रहे हैं, हम उनके प्रति आभार प्रकट कर रहे हैं।
उम्मीद है कि संकट से उबरने के बाद भी हमारा यह जज्बा कायम रहेगा। विराट बोले, जीवन के बारे में कुछ नहीं कह सकते। जिससे खुशी मिले, वही करो और हर समय तुलना नहीं करते रहना चाहिए। इस महामारी के बाद जिंदगी में काफी बदलाव आने वाला है। एक ऑनलाइन सेशन में मंगलवार को विराट कोहली ने पत्नी अनुष्का के साथ करीब 50 मिनट तक स्टूडेंट्स के साथ अनुभव साझा किए।
'जब वक्त खराब होता है तो अहंकार छोड़ना पड़ता है'
खुद को किस तरह प्रेरित कर मुकाम को हासिल करें, इस पर उन्होंने कहा- मैंने अनुष्का से काफी कुछ सीखा है। जिंदगी में हमेशा एक-दूसरे से सीखते रहना चाहिए। यह सीख विपरीत परिस्थितियों से मुकाबले के लिए प्रेरित करती है। जब समय मुश्किल भरा होता है, तब आपको अपना अहंकार छोड़ना पड़ता है। आप अपने तरीके से लड़ते रहेंगे तो आपको रास्ता मिल ही जाएगा। एक समय ऐसा भी था, जब मुझे काफी संघर्ष करना पड़ा था। स्टेट टीम में सिलेक्शन के दौरान जब मैं पहली बार रिजेक्ट हुआ था, तक मैं रात 3 बजे तक रोता रहा। मैंने सभी मैचों में अच्छा स्कोर किया था। पर मैं रिजेक्ट हो गया। लेकिन, ईमानदारी से कहूं तो पहले मैं बहुत बेसब्र था। अनुष्का के जीवन में आने के बाद से मैंने उससे शांत और धैर्य से रहना सीखा है।
जहां धैर्य और प्रतिबद्धता, वहां प्रेरणा अपने आप आती है
विराट कोहली ने कहा कि जहां धैर्य और प्रतिबद्धता होती है, वहां प्रेरणा अपने आप आती है और सफलता मिल ही जाती है। रिजेक्ट होने के बाद मैंने अपने कोच से 2 घंटे तक इस बारे में बात की थी। मुझे अब तक उस बारे में कुछ पता नहीं चल सका है। मेरा मानना है कि हमें हमेशा सकारात्मक सोच रखनी चाहिए। कोहली ने अपनी कप्तानी में भारत को 2008 में अंडर-19 वर्ल्ड कप भी जिताया था। उन्होंने 86 टेस्ट में 7240, 248 वनडे में 11867 और 82 टी-20 में 2794 रन बनाए हैं।